गहरे गड्ढे खोद डाले
नदियाें में नियमों के अनुरूप खनन हो तो नदी के ऊपरी सतह से अधिकतम 1.5 मीटर गहराई तक ही पत्थरों का चुगान किया जा सकता है। लेकिन मौके पर हालात यह है कि कमाई के लालच में नदियों को पांच मीटर तक गहरा खोद दिया गया है। इससे बरसात में नदियाें में चलने वाले पानी का वेग बढ़ेगा और तबाही का कारण भी बनेगा।
कहां गई एंटी माइनिंग फोर्स
एंटी माइनिंग फोर्स ने करीब दो माह पूर्व जब क्षेत्र में सघन चेकिंग की थी तो माफिया के पैर उखड़ गए थे और काफी हद तक नदियाें में शांति छा गई थी। लेकिन अब जबकि फिर से माफिया ने सिर उठाया है तो लोग सवाल कर रहे हैं कि अब एंटी माइनिंग फोर्स क्षेत्र की मानीटरिंग करने से पीछे क्यों हट गई है।
जंगल की जमीन भी नहीं बख्शी
रुड़की। खनन माफिया ने जंगल की जमीन को भी नहीं बख्शा। रात के अंधेरे में वन भूमि से गुजरने वाली नदियों का सीना छलनी किया जा रहा है। ज्यादातर खनन सामग्री ट्रैक्टर ट्रालियों से कलियर समेत आसपास के क्षेत्रों में पहुंचाई जा रही है। ग्राम दादूबाग, सतीवाला, वनवाला, बुग्गवाला व बंजारेवाला से सटी हुई वन विभाग की जमीन है। वन भूमि के पास ही कई जगह पट्टे पर खनन हो रहा है। वन भूमि से चिल्लावाली, सूक व सीपरो नदियां गुजरती हैं। माफिया पट्टे की आड़ में इन नदियों में भी खनन कर रहे हैं। रात होते ही खनन का खेल शुरू हो जाता है। अंधेरे में ही खनन सामग्री को ठिकाने लगा दिया जाता है। लेकिन इस सबसे बेखबर वन विभाग के अधिकारी वन भूमि में खनन की बात से इंकार कर रहे हैं। उप प्रभागीय वनाधिकारी, रुड़की आईपीएस रावत का कहना है कि जिन जगहों पर खनन हो रहा है। वह प्राइवेट लैंड हैं। वन विभाग की जमीन में कोई अवैध खनन नहीं हो रहा है।
प्रशासन चुनाव में व्यस्त, माफिया उठा रहे फायदा
रुड़की। शासन-प्रशासन की चुनाव में व्यस्तता का खनन माफिया पूरा फायदा उठा रहे हैं। इन दिनों बेखौफ होकर नदियों में जेसीबी गरज रही है। बुग्गावाला की मोहंड रो, सूक और अन्य नदियाें को माफिया निशाना बना रहे हैं। रविवार को भी यहां बड़े पैमाने पर खनन हुआ। चौंकाने वाली बात यह है कि नदियों के आसपास आवंटित खनन के पट्टों की आड़ में यह खेल चल रहा है। शासन की ओर से बुग्गावाला क्षेत्र की मोहंड रो, सूक और चिल्लावाली नदियों के पास के तीन खनन के पट्टे आवंटित हैं। लेकिन इन पट्टों की आड़ में खनन माफिया जेसीबी से जमकर नदियाें की कोख खंगाल रहे हैं। आलम यह है कि दिन रात एक दर्जन से अधिक ट्रैक्टर ट्रालियों की मदद से अवैध खनन किया जा रहा है। रविवार को भी दिन भर तीनों नदियों में अवैध खनन चलता रहा। लेकिन न तो पुलिस पहुंची और न ही कोई प्रशासनिक अधिकारी। आसपास के ग्रामीणों की माने तो पिछले पांच-छह दिनों में नदियाें में खनन माफिया की गतिविधियां अचानक बढ़ गई है। माना जा रहा है कि प्रशासन के चुनाव में व्यस्त होने के कारण माफिया ने सक्रियता बढ़ा दी है। यही नहीं दिन में खनन होने के बावजूद कार्रवाई नहीं किए जाने को लेकर पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी उठ रहे हैं।
 बुग्गावाला क्षेत्र में अवैध खनन करने की शिकायत मिली थी। इस बारे में नायब तहसीलदार को मौके पर निरीक्षण करने और आवंटित पट्टों का सीमांकन करने के निर्देश दिए गए हैं। मानकों की अनदेखी करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। – प्रत्यूष सिंह, एसडीएम रुड़की
नियम ताक पर
बुग्गावाला की नदियाें में दिन-रात गरज रही खनन माफिया की जेसीबी
शासन-प्रशासन के चुनाव में व्यस्त होने का उठा रहे पूरा फायदा
मोहंड रो, सूक और चिल्लावाली नदियों को बनाया जा रहा निशाना

लेकिन पुलिस-प्रशासन की ओर से नहीं की जा रही कार्रवाई

सौजन्य से : अमर उजाला
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